नई दिल्ली, 10 जून 2026केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री तोखन साहू 11 एवं 12 जून 2026 को नई दिल्ली में आयोजित होने वाले 13वें ब्रिक्स शहरीकरण फोरम में भाग लेंगे। भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता के अंतर्गत आयोजित यह महत्वपूर्ण मंत्रीस्तरीय मंच ब्रिक्स देशों के मंत्रियों, वरिष्ठ अधिकारियों, शहरी विकास विशेषज्ञों, नीति निर्माताओं एवं विभिन्न हितधारकों को एक साथ लाकर समावेशी, सतत एवं लचीले शहरी विकास के विषय पर विचार-विमर्श का अवसर प्रदान करेगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “मानवता सर्वोपरि” दृष्टिकोण तथा भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता की थीम “लचीलापन, नवाचार, सहयोग और स्थिरता के लिए निर्माण” से प्रेरित यह फोरम “लोगों के लिए शहर: समावेशी और लचीले शहरी भविष्य के लिए ब्रिक्स सहयोग” विषय पर केंद्रित होगा।
फोरम के संबंध में श्री तोखन साहू ने कहा कि ब्रिक्स देशों में तीव्र शहरीकरण के साथ आवास, शहरी गतिशीलता, जलवायु जोखिम, नगर निकायों की क्षमता, शहरी वित्त एवं नागरिक सेवाओं जैसी समान चुनौतियां उभर रही हैं। ऐसे समय में यह मंच सदस्य देशों के बीच अनुभवों के आदान-प्रदान, नवाचारों को साझा करने तथा समावेशी, लचीले एवं सतत शहरों के निर्माण हेतु सहयोग को और सुदृढ़ बनाने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करता है।
फोरम के दौरान श्री साहू विभिन्न आधिकारिक कार्यक्रमों में भाग लेंगे। 11 जून को रूस तथा 12 जून को ईरान के प्रतिनिधिमंडलों के साथ उनकी द्विपक्षीय बैठकें प्रस्तावित हैं। इसके अतिरिक्त वे ब्रिक्स प्रतिनिधियों के साथ संसद भवन परिसर एवं इंडिया गेट के भ्रमण, सांस्कृतिक कार्यक्रम तथा आधिकारिक रात्रिभोज में भी सहभागिता करेंगे।
श्री साहू सुषमा स्वराज भवन में आयोजित फोरम के दोनों प्रमुख पूर्ण सत्रों में उद्घाटन एवं समापन संबोधन देंगे। इनमें “लचीले और न्यायसंगत शहरों के लिए समावेशी मार्ग बनाना” तथा “जन-केंद्रित शहरों के लिए संस्थानों को मजबूत करना और नवाचारों को व्यापक स्तर पर लागू करना”” विषयों पर चर्चा की जाएगी।
दो दिवसीय फोरम में समावेशी शहरी विकास, जलवायु एवं आपदा-लचीला बुनियादी ढांचा, नगर निकायों की संस्थागत क्षमता सुदृढ़ीकरण तथा डिजिटल नवाचारों के माध्यम से शहरी प्रशासन एवं सेवा वितरण को बेहतर बनाने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श होगा। ये प्राथमिकताएं लोगों के जीवन की गुणवत्ता में सुधार लाने तथा भविष्य की चुनौतियों का प्रभावी ढंग से सामना करने में सक्षम, सतत एवं नागरिक-केंद्रित शहरों के निर्माण के प्रति ब्रिक्स देशों की साझा प्रतिबद्धता को प्रतिबिंबित करती हैं।
भारत की अध्यक्षता में आयोजित यह फोरम वैश्विक दक्षिण के देशों के बीच शहरी सहयोग को नई दिशा प्रदान करने तथा सतत एवं समावेशी शहरी विकास के क्षेत्र में साझी प्रगति को आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण अवसर सिद्ध होगा।


