Ads

वैद्यशाला में केरल से प्रशिक्षित चिकित्सा स्टाफ द्वारा पंचकर्म के माध्यम से दूर की जा रहीं हैं शारीरिक व्याधियां और रोग

 






बिलासपुर। वर्ष 2012 से बिलासपुर में नए पुल के पास , नेहरू चौक वैद्यशाला ने आयुर्वेद के माध्यम से कई रोगों के इलाज और रोकथाम में सफलता प्राप्त की है। यहां पर आयुर्वेद शास्त्र की विश्व प्रसिद्ध एवं तीव्र गति से प्रसारित पंच कर्म चिकित्सा की जाती है। इस प्रक्रिया में संपूर्ण शरीर शोधन (या शरीर की ओवर ऑयलिंग प्रक्रिया ) को स्थापित कर विभिन्न रोगों की चिकित्सा होती है। वैद्यशाला के संचालक डॉ मनोज चौकसे ने बताया कि केरल राज्य से पंचकर्म चिकित्सा हेतु विशिष्ट अध्ययन एवं प्रायोगिक गुण से संपन्न चिकित्सक ( स्त्री एवं पुरुष ) पंचकर्म कार्य में दक्ष स्टाफ बाह्य रोगी विभाग एवं अंतर रोगी विभाग हेतु सर्व सुविधायुक्त पंचकर्म चिकित्सा यहां उपलब्ध है। भर्ती रोगियों की देखभाल और चिकित्सा सेवा हेतु 24 घण्टे चिकित्सालय नर्सिंग स्टाफ एवं आयुर्वेद औषधि केंद्र यहां उपलब्ध है। विस्तृत जानकारी के लिए फोन, 07752 412224, मोबाइल 86028 11002 और 81098 63568 पर संपर्क किया जा सकता है।


ऐसे होता है पंचकर्म, शरीर को करता है पूरी तरह ठीक


पंचकर्म के अंतर्गत सभी प्रकार के स्नेहन स्वेदन, वमन, विरेचन, वस्ती, नस्य रक्तमोक्षण, शिरोधरा, कटिवस्ती, जनवस्ती, चूर्ण मसाज, उत्तरवस्ती, अग्निकर्म, जलोकाकर्म ( जोंक चिकित्सा) आदि चिकित्सा की जाती है।

Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.